रत्नों के दिए गए दाम 6 कैरट के दाम है।
The prices given for the gemstones are for 6 carats.
ज्योतिष शास्त्र में मूंगा (Red Coral) को मंगल ग्रह का रत्न माना गया है। यह साहस, ऊर्जा, पराक्रम और शारीरिक शक्ति का प्रतीक है।
मूंगा (कोरल) कोई पत्थर नहीं, बल्कि एक जैविक रत्न है। यह समुद्र की गहराइयों में पाए जाने वाले समुद्री जीवों के अवशेषों (Skeleton) से बनता है। ज्योतिष में इसे मंगल का प्रतिनिधित्व करने वाला रत्न माना जाता है, जो व्यक्ति को ऊर्जावान बनाने और नेतृत्व क्षमता प्रदान करने में सक्षम है।
साहस और आत्मविश्वास: इसे धारण करने से व्यक्ति के अंदर निडरता और आत्मविश्वास का संचार होता है।
शारीरिक स्वास्थ्य: यह रक्त संबंधी समस्याओं (Blood-related issues), एनीमिया, घाव और कमजोरी को दूर करने में सहायक माना जाता है।
मांगलिक दोष: कुंडली में मंगल की खराब स्थिति या मांगलिक दोष के कारण विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करने के लिए इसे अत्यंत प्रभावशाली माना गया है।
विजय: कोर्ट-कचहरी के मामलों, प्रतियोगिता, कर्ज मुक्ति और शत्रुओं पर विजय पाने के लिए मूंगा धारण करना लाभकारी होता है।
मूंगा मुख्य रूप से भूमध्य सागर (Mediterranean Sea), लाल सागर (Red Sea) और जापान के तटों पर पाया जाता है। चूँकि यह समुद्री जीव के अवशेष से बनता है, इसलिए इसे गोताखोरों द्वारा समुद्र की सतह से एकत्र किया जाता है। इसके बाद इसे तराशकर (cut and polish) रत्न का रूप दिया जाता है।
मूंगा को तांबे (Copper) की अंगूठी में धारण करना सबसे उत्तम माना जाता है। यदि तांबा संभव न हो, तो इसे सोने (Gold) में भी धारण किया जा सकता है।
उंगली: इसे दाएं हाथ की अनामिका (Ring Finger) में धारण करना चाहिए।
दिन: इसे मंगलवार (Tuesday) के दिन, शुक्ल पक्ष में, सुबह सूर्योदय के पश्चात धारण करना सबसे शुभ होता है।
बिना शुद्धिकरण के रत्न का पूर्ण लाभ नहीं मिलता। इसकी विधि नीचे दी गई है:
शुद्धिकरण: मंगलवार की सुबह अंगूठी को कच्चे दूध, गंगाजल और शहद के मिश्रण में कम से कम 30 मिनट के लिए रखें।
सक्रियण: इसके बाद इसे शुद्ध जल से धोकर साफ कपड़े पर रखें।
मंत्र: भगवान मंगल देव या हनुमान जी का स्मरण करें। "ॐ अं अंगारकाय नमः" मंत्र का 108 बार जाप करें।
धारण: मंत्र जाप के उपरांत इसे अनामिका उंगली में धारण करें।
कुंडली परामर्श: मूंगा मंगल का रत्न है। यह एक अत्यंत सक्रिय रत्न है। इसे अपनी कुंडली में मंगल की स्थिति की जांच कराए बिना धारण न करें।
असली रत्न की पहचान: बाजार में सिंथेटिक और रंगे हुए मूंगे बहुत मिलते हैं। हमेशा किसी प्रतिष्ठित लैब से 'Lab-Certified' (विशेषकर बिना किसी ट्रीटमेंट वाला) मूंगा ही खरीदें।
आचरण: रत्न पहनने के बाद व्यक्ति को अपने क्रोध पर नियंत्रण रखना चाहिए, क्योंकि मंगल का रत्न क्रोध को बढ़ा सकता है।
सात्विकता: धारण करने के बाद मांस-मदिरा के सेवन से बचना चाहिए।
परिवर्तन: यदि मूंगे में दरार आ जाए या वह बहुत पुराना हो जाए, तो ज्योतिषी से सलाह लेकर इसे बदल लें।
सुझाव: ज्योतिषीय रत्न केवल सहायक होते हैं; अपनी कुंडली का पूर्ण विश्लेषण कराने के लिए किसी अनुभवी ज्योतिषी से संपर्क अवश्य करें।
विशेष निर्देश:- हमारे केंद्र द्वारा प्रदान की गयी मंत्रविद्या,यंत्रविद्या,सिद्धसामग्री,एवं आयुर्वेदिक औषधि,और अन्य किसी भी सामग्री का हम आधिकारिक रूप से कोई भी गारंटी या जिम्मेदारी नहीं लेते। आप चैनल के विश्वास और चमत्कार को देखकर के स्वयं या दूसरों के हित के लिए प्रयोग कर सकते है।
No review given yet!
Fast Delivery all across the country
Safe Payment
7 Days Return Policy
100% Authentic Products